अपनी बड़ी बहन पूजा दीदी की चुदाई

आज की चुदाई कहानी मेरी अपनी बड़ी बहन पूजा दीदी के साथ चुदाई की हैं । आज मैं बाटूंगा कैसे बड़ी दीदी को चोदा,कैसे दीदी ने मुझसे चुदवाये , कैसे बड़ी दीदी को नंगा करके चोदा,दीदी की चूचियों को चूसा ,दीदी को घोड़ी बना के चोदा, कैसे 8 इंच का लण्ड से दीदी की चूत फाड़ी,  दीदी की गांड मारी , और कैसे मेरी दीदी की कुंवारी चूत को ठोका ।एक दिन घर के आगन मे चापाकल पर नहा रही थी उसी टाइम मैं स्कूल से घर आया मम्मी बाजार गयी थी मैं अंदर गया तो मेरे होश उड़ गये मैने देखा की पूजा दीदी नंगी होकर नहा रही थी उसका चहरा दूसरी तरफ था इसलिये वो मुझे नही देख सकी मैं तुरंत दूसरे कमरे मे चला गया और उस कमरे मे बहुत अँधेरा रहता है मैं वहां से पूजा दीदी को नहाते हुये देखने लगा उसकी गांड देखकर मेरा 9 इंच का लौड़ा खड़ा हो गया मैं अपने लैंड को हौले हौले सहलाने लगा.
मैने पहली बार सुरुचि की गांड देखी मैंने कभी भी नही सोचा था की सुरुचि दीदी इतनी सुंदर होगी मैं अपना लौड़ा बाहर निकाल कर सहलाने लगा तभी सुरुचि सीधी होकर नहाने लगी उसकी बड़ी बड़ी चूची और बूर देखकर मेरे लौड़ा से पानी निकलने लगा मैने कभी भी सुरुचि दीदी को चोदने का नही सोचा था लेकिन मैने आज सोच लिया था की मैं सुरुचि दीदी के शरीर का मज़ा ज़रूर लूँगा |मैने सुरुचि को पूरा नहाते देखा फिर उन्होंने कपड़े पहन लिये और सुरुचि करने के लिये मंदिर वाले रूम मे चली गयी और फिर मैं भी धीरे से बाहर आकर वापस घर मे आया फिर उसी दिन शाम को दीदी बालकनी मे खड़ी थी मैं भी उसी समय जाकर खड़ा होकर दीदी से बात करने लगा हमारी बालकनी बहुत छोटी थी उसमे सिर्फ़ एक लोग ही खड़ा हो सकता था दीदी आगे झुक कर खड़ी थी और मैं उनके पीछे खड़ा होकर बात कर रहा था मेरा पूरा ध्यान उनकी गांड पर ही था मेरा लौड़ा खड़ा हो गया अब मेरा लौड़ा उनकी गांड के बीच मे अचानक लग गया मैं डर गया शायद दीदी समझ ना जाये लेकिन सुरुचि दीदी को पता नही चल रहा था अब मैं अपना लौड़ा उनकी गांड के बीच मे जानबूझ कर दबाने लगा मेरा आधा लौड़ा उनके सलवार मे घुस गया था लेकिन दीदी मुझसे बाते करती जा रही थी |आप ये कहानी निऊ हिंदी सेक्स स्टोरी डॉट कॉम पर पड़ रहे है। वो अचानक और झुक कर अपनी टागें और फैला दी और अब मेरा लौड़ा उनकी बूर पर रगड़ने लगा मुझे डर भी लग रहा था और मज़ा भी आ रहा था अचानक मम्मी ने दीदी को आवाज़ दी और दीदी तुरंत मेरे लौड़ा को धक्का देकर नीचे चली गयी आज मेरा लौड़ा पहली बार किसी बूर के उपर रग़ड रहा था मैंने सोच सोच कर रात में अपना लौड़ा हिलाया फिर दूसरे दिन दीदी फिर शाम को बालकनी मे खड़ी थी मैं नीचे से देखकर उपर जाने से पहले अपना अंडरवेयर निकाल कर सिर्फ़ एक टावल लगा कर उपर गया तो मैं सॉक हो गया क्योकी सुरुचि दीदी ने आज अपना बहुत पुराना स्कर्ट पहना हुआ था जो की उनके सिर्फ़ घुटने तक ही आता था और वो बालकनी मे झुक कर खड़ी थी मैने पीछे से देखा तो उनकी पेंटी भी दिख रही थी मेरा लौड़ा उनकी गोरी गोरी जांघ और ब्लू कलर की पेंटी देखकर एकदम खड़ा हो गया |

दोस्ती उसके बाद मैंने सोचा आज कुछ भी हो जाये मैं आज दीदी की पेंटी मे अपना लौड़ा का पानी ज़रूर लगाऊंगा तभी दीदी ने मेरी तरफ देखा और बोली की इधर आकर देखो लगता है आज बारिश होगी मैं तुरंत उनके पीछे से खड़ा होकर आसमान देखने लगा मेरा लौड़ा एकदम खड़ा था इसलिये सीधा उनकी गांड मे जाकर घुस गया मैं एक बार तो डर गया की दीदी गुस्सा ना हो जाये पर दीदी हंसी और बोली तुम अब बड़े हो गये हो मैं समझ नही पाया मैने जब दुबारा पूछा तो सिर्फ़ हंसी और कुछ नही बोली और अपनी गांड मेरी तरफ और फैलाकर खड़ी हो गयी अब मेरा लौड़ा उनकी बूर पर लग रहा था मैने सोचा की दीदी को मेरे लौड़ा का पूरा पता चल रहा होगा फिर भी नही बोल रही है |आप ये कहानी निऊ हिंदी सेक्स स्टोरी डॉट कॉम पर पड़ रहे है।
मैंने सोचा की शायद दीदी को मज़ा आ रहा होगा मैने सोचा की अब कैसे पता करूँ मै अपना लौड़ा धीरे धीरे आगे पीछे करने लगा दीदी कुछ नही बोली मैं समझ गया की दीदी को मज़ा आ रहा है मैने अपने टावल मे से अपना लौड़ा बाहर निकाला और दीदी का स्कर्ट थोड़ा उपर करके अपना लौड़ा उनकी पेंटी पर लगा दिया और मेरा लौड़ा दीदी की गांड की दरार मे घुस गया अब दीदी को मेरा लौड़ा पूरा मज़ा दे रहा था उनकी गांड इतनी नरम थी की जब मैं अपना लौड़ा उनकी गांड पर दबाता तब उनका चुत्तड फैल जाता और कुछ ही देर मे दीदी की पेंटी बूर के पास मे भीग चुकी थी मेरे लौड़ा और उनकी बूर को एक दूसरे के पानी का मज़ा मिलने लगा सुरुचि दीदी मुझसे 5 साल बड़ी थी मैं बहुत खुश था अचानक मेरे होश उड़ गये दीदी ने अपना हाथ पीछे करके मेरे लौड़ा को पकड़ लिया और पीछे मूड कर बोली तुम क्या कर रहे हो मैं अशुद्ध हो जाउंगी और तुम मेरे छोटे भाई हो और हम भाई बहन मे यह सब नही होता |

वो मेरे लौड़ा को अपनी पेंटी में से बाहर निकाल कर अपना स्कर्ट नीचे करके वहा से चली गयी मैं डर गया की दीदी मम्मी को ना बता दे लेकिन दीदी मम्मी को भी नही बोली मैने रात मे अपना लौड़ा सहलाते हुये सोच रहा था की जब मैं दीदी की गांड पर लौड़ा रगड़ रहा था तब तो दीदी को मज़ा आ रहा तो उन्हे अचानक क्या हो गया अगले दिन दीदी मॉर्निंग मे ही बालकनी मे खड़ी थी मैं नीचे से देख रहा था और दीदी भी मुझे देख रही थी लेकिन मैं उपर बालकनी मे नही गया और कुछ देर बाद स्कूल चला गया फिर रात मे दस बजे में और मेरी मम्मी सो चुके थे में सोने का नाटक कर रहा था मैने देखा की मुझे देखकर दीदी कुछ देर मे बालकनी मे आकर खड़ी होकर मुझे बहुत प्यार से देख रही थी मैं समझ गया दीदी को लौड़ा से मज़ा लेने का मन कर रहा है मैं भी अपना अंडरवेयर उतार कर उपर बालकनी में गया मैं दीदी को देख कर हैरान हो गया क्योकि थोड़ी देर पहले दीदी सलवार और कमीज़ पहनी थी लेकिन अब सलवार के बदले नीचे स्कर्ट पहनी हुई थी घर मे सिर्फ़ मम्मी थी वो भी सो रही थी |आप ये कहानी निऊ हिंदी सेक्स स्टोरी डॉट कॉम पर पड़ रहे है। हम दोनो अकेले थे मैं पीछे खड़ा था पर उनके पास नही जा रहा था मैं जानता था की दीदी मेरी वजह से ही बालकनी मे स्कर्ट पहन कर खड़ी है लेकिन कल दीदी ने मुझे मना किया था इसलिये मैं वहा नही जा रहा था लेकिन अचानक दीदी पीछे मूडी और बोली की यहा आ और देख बाहर कितना अच्छा मौसम है मैं इसी बात का इंतजार कर रहा था की दीदी मुझे खुद आगे से बुलाये बालकनी मे अन्धेरा था इसलिये मैंने अपना लौड़ा उनके स्कर्ट के उपर से उनकी बूर पर रख दिया वो कुछ नही बोली और मुझसे बाते करने लगी मै जानता था की दीदी को लौड़ा चाहिये मैने बिना देरी किये अपना टावल उतार कर दीदी का स्कर्ट उपर करके अपना लौड़ा घुसा दिया मैं अचानक चौक गया मेरा लौड़ा एकदम सीधा उनकी बूर के होल के उपर आ गया |आप ये कहानी निऊ हिंदी सेक्स स्टोरी डॉट कॉम पर पड़ रहे है। मैने दीदी की गांड पर हाथ डाला और देखा तो दीदी ने पेंटी नही पहनी थी मैं समझ गया दीदी आज चुदना चाहती है मैं अपने लौड़ा को दीदी की बूर पर रगड़ने लगा दीदी झुक कर खड़ी थी मैने अपने लौड़ा पर थोड़ा सा थूक लगाया और दीदी की बूर मे अपना लौड़ा घुसाने लगा मेरा आधा लौड़ा दीदी की बूर मे घुस गया दीदी मेरा लौड़ा पकड़ कर बोली भाई अपनी बड़ी बहन को आराम से चोदना मैं पहली बार चुदा रही हूँ मैने सोचा भी नही था की मेरी बूर को मेरा भाई ही चोदेगा और वो मेरे लौड़ा को अपनी बूर में से निकाल कर चूसने लगी मेरे पूरे शरीर मे करंट जैसा लग गया मैने सोचा भी नही था की मेरी दीदी मेरा लौड़ा भी चूसेगी .कैसी लगी मेरी दीदी की चुदाई कहानियों , अच्छा लगी तो जरूर रेट करें और शेयर भी करे ,अगर तुम मेरी दीदी की चुदाई करना चाहते हैं तो उसे अब जोड़ना Facebook.com/SuruchiSharma

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